राष्ट्रीय साहसिक संस्थान पचमढ़ी से कोरिया टीम ने सीखे आपदा प्रबंधन के गुण, जिले को मिले नए साहसिक लीडर
कोरिया जिले के टीम सहित संस्था के प्राचार्य एवं अभिभावकों में खुशी की लहर

भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ के राज्य मुख्य आयुक्त माननीय इंद्रजीत सिंह खालसा के निर्देशानुसार राष्ट्रीय साहसिक संस्थान पचमढ़ी (मध्य प्रदेश) में राज्य स्तरीय पर्वतारोहण, व्यक्तित्व विकास एवं आपदा प्रबंधन शिविर दिनांक 25.03.2026 से 29.03.2026 तक आयोजित हुआ l जिसमें कोरिया जिले के जिला शिक्षा अधिकारी पदेन जिला आयुक्त स्काउट कोरिया विनोद कुमार राय के आदेशानुसार एवं जिला संगठन आयुक्त स्काउट कोरिया नागेश्वर साहू के नेतृत्व में स्काउटर रवि प्रसाद बैगा, गाइडर एग्नेश आनंद दास एवं भानुप्रिया भास्कर के साथ 18 स्काउट 18 गाइड सहित कुल 40 सदसीय दल उत्साहपूर्वक भाग लिया |

यह कैंप प्रतिभागियों के लिए एक यात्रा नहीं बल्कि जीवन को नई दिशा देने वाला अनुभव सिद्ध साबित हुआ l कैंप के दौरान करवाई गई हर गतिविधि बच्चों को भविष्य में एक जिम्मेदार नागरिक और सशक्त लीडर बनने की प्रेरणा मिली ।
इस शिविर के प्रथम दिवस राजेंद्र गिरी उद्यान जो देश के प्रथम राष्ट्रपति महामहिम राजेंद्र प्रसाद जी के नाम से बना है जहां उनके द्वारा 1953 में रोपित ऐतिहासिक राष्ट्रीय वृक्ष बरगद को देखकर वृक्षारोपण और पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया l
द्वितीय दिवस साहस, उत्साह, रोमांच और सीख से भरपूर रहा दिन की शुरुआत पचमढ़ी का प्रसिद्ध वॉटर फॉल – बी फॉल का ट्रैकिंग करवाया गया जो प्रतिभागियों के लिए सिर्फ घूमने का अनुभव नहीं रहा, बल्कि बच्चों को कई सीख दे दिया बच्चे खुद बैग संभाल कर जंगलों के बीचों- बीच ऊबड़ खाबड़ पगडंडी रस्ते में एक टीम में चल रहे थे, ऊंचाई, फिसलन जैसे रास्ते पर चल कर बी फॉल पहुंचा जिससे उन्होंने एक एडवेंचर के साथ-साथ जीवन में परिस्थिति के अनुसार किस तरह से आगे बढ़ते रहना चाहिए सीखा l
कैंप के तृतीय दिवस आपदा प्रबंधन की पूर्व तैयारी के गुण सीखा जिसमें विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से खेल खेल में बाढ़, भूकंप, आगजनी जैसे दुर्घटना से कैसे स्वयं सुरक्षित रहे एवं दूसरे को सुरक्षित करें इसके लिए रॉक क्लाइंबिंग, बोटिंग, मंकी ब्रिज, सोल्जर ब्रिज, स्लाइड ब्रिज, ब्लेसिंग, जिफ़ लाइन, हैंगिंग, स्काई साइक्लिंग जैसे गतिविधियों के माध्यम से बच्चों में साहस, आत्मविश्वास और संतुलन जैसे गुणों का विकास किया गया l इसी प्रकार आर्चरी, राइफल शूटिंग आदि की गतिविधि ने सिखाया कि संतुलन, धैर्य और सही तकनीक से किसी भी लक्ष्य को प्राप्त किया जा सकता है l
चतुर्थ दिवस पचमढ़ी के प्रसिद्ध पांडव गुफा, जटा शंकर मंदिर, बाइसन लाज का भ्रमण करवाया गया जिससे बच्चों ने न केवल ट्रैकिंग का आनंद लिया बल्कि अपने क्षेत्रों के ऐतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करने की प्रेरणा लिया ।
आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक रूप से जुड़े बाइसन लाज में सतपुड़ा रेंज में रहने वाले सभी जीव जंतुओं के प्रजातियों के नाम सहित उनके रहन सहन के साथ ही पचमढ़ी के सभी दर्शनीय स्थलों जैसे धूपगढ़, चौरागढ़, हांडी खोह, गुप्त महादेव मंदिर, बड़ा महादेव मंदिर के ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक महत्व के साथ मध्यप्रदेश के लोक कला, आभूषण, आदिवासी कल्चर, पंचमढ़ी का इतिहास इत्यादि चीजों को जाना एवं समझा l

इस शिविर में प्रतिदिन नई – नई जगहों पर ट्रैकिंग कराया गया, साथ ही साथ विभिन्न प्रकार के उपरोक्त महत्वपूर्ण साहसिक गतिविधियों में प्रतिभागी शामिल हुए | समूह में कार्य करना और नेतृत्व क्षमता विकसित करना l कठिन परिस्थितियों में स्वयं निर्णय लेना और आत्मनिर्भर बनाना जैसे अनुशासित जीवन शैली के गुणों को सीखा l
प्रत्येक संध्या आयोजित कैंप फायर कार्यक्रम में विभिन्न जिलों से आए प्रतिभागियों ने अपनी – अपनी संस्कृति, गीत, नृत्य और परंपराओं को प्रस्तुत किया l इससे बच्चों में एकता, भाईचारे, और राष्ट्रीय एकता की भावना का विकास हुआ l
राष्ट्रीय स्तरीय इस शिविर में सम्मिलित होकर जिले को गौरवान्वित करने वाले सभी प्रतिभागियों को चंदन संजय त्रिपाठी कलेक्टर कोरिया पदेन संरक्षक भारत स्काउट एवं गाइड जिला संघ कोरिया, डॉ.आशुतोष चतुर्वेदी मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत कोरिया, देवेंद्र तिवारी जिला मुख्य आयुक्त कोरिया, विनोद कुमार राय जिला शिक्षा अधिकारी पदेन जिला आयुक्त जिला कोरिया, जितेंद्र कुमार गुप्ता जिला खेल अधिकारी , राज्य मुख्यालय आयुक्त स्काउट शैलेन्द्र कुमार मिश्रा, सुरेंद्र कुमार जिला सचिव, रवि कुमार पाण्डेय जिला संघ कोषाध्यक्ष, आशा एक्का जिला संगठन आयुक्त गाइड, सुनील बड़ा जिला प्रशिक्षण आयुक्त स्काउट, निशा खान जिला प्रशिक्षण आयुक्त गाइड, श्याम कुमार आण्डिल विकासखंड सचिव सोनहत, शिव प्रताप सिंह विकासखंड सचिव बैकुंठपुर सहित जिला संघ के समस्त पदाधिकारी संस्था के प्राचार्य, समस्त स्काउटर – गाइडर एवं अभिभावकों ने बधाई एवं शुभकामनाएं प्रेषित किए हैं |



