
बैकुण्ठपुर / छत्तीसगढ़ शासन द्वारा उच्च शिक्षा विभाग के निर्देशानुसार राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अंतर्गत द्वितीय शिक्षण सत्र में शासकीय रामानुज प्रताप सिंहदेव स्नातकोत्तर महाविद्यालय बैकुण्ठपुर के इण्डोर स्टेडियम में बी.ए., बी.एससी., बी.कॉम. प्रथम सेमेस्टर के नवप्रवेषित विद्यार्थियों के लिए दीक्षारंभ समारोह का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में श्री भईयालाल राजवाड़े, पूर्व केबिनेट मंत्री एवं विधायक बैकुण्ठपुर, विशिष्ट अतिथि के रूप में श्रीमती नविता शिवहरे, अध्यक्ष नगरपालिका परिषद बैकुण्ठपुर एवं श्री यु.एस. शुक्ला शिक्षाविद् एवं सेवानिवृत्त प्राचार्य। पार्षद श्रीमती शिल्पा गुप्ता, ममता गोयल, शामिल हुए। कार्यक्रम की अध्यक्षता श्रीमती वंदना राजवाड़े, अध्यक्ष महाविद्यालय जनभागीदारी समिति एवं उपाध्यक्ष जिला पंचायत कोरिया ने किया।
प्रथम चरण में कार्यक्रम का संचालन करते हुए डॉ. विनय कुमार शुक्ला ने दीक्षारंभ समारोह आयोजन के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों के द्वारा मां सरस्वती के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वल्लित एवं मार्ल्यापण कर किया गया। तद्उपरांत राजगीत की प्रस्तुति हुई। वरिष्ठ स्वयं सेविका पूजा पंकज ने स्वागत गीत की प्रस्तुति दी। स्वागत उद्बोधन देते हुए प्राचार्य डॉ. एम.सी.हिमधर ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के महत्व को रेखांकित किया और उन्होनें बताया कि 04 वर्षीय ऑनर्स कोर्स जिसे 08 सेमेस्टर में बांटा गया है। सी.जी.पी.ए. 7.5 अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थी सीधे रिसर्च कर सकेंगे। उन्होनें महाविद्यालय में उपलब्ध संसाधन एवं सुविधाओं से नवप्रवेशित विद्यार्थियों को अवगत कराया और कहा कि आपको बेहतर शिक्षा देने के लिए महाविद्यालय परिवार संकल्पित है। सिनियर विद्यार्थियों के द्वारा नवप्रवेशित विद्यार्थियों का तिलक लगाकर और पुष्पवर्षा कर स्वागत किया गया। एन.ई.पी एम्बेस्डर के रूप में बी.ए. प्रथम सेमेस्टर से अभय मोदी एवं कुमारी अन्नपूर्णा बी.एससी. प्रथम सेमेस्टर से नरेश कुमार एवं कुमारी निकिता साहू तथा बी.कॉम प्रथम सेमेस्टर से कृष्णकांत राजवाड़े एवं सुहानी पटवा को परिचय पत्र तथा बैच पहनाकर अतिथियों द्वारा चिन्हांकित किया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों को बी एवं सी प्रमाण पत्र भी वितरित किया गया। उद्बोधन के क्रम में श्रीमती नविता शिवहरे ने विद्यार्थियों से कहा की आप सभी इस महाविद्यालय में पढ़ लिखकर अपना लक्ष्य निर्धारित करें और अपने शिक्षकों के प्रति सकारात्मक व्यवहार रखते हुए उनका मार्गदर्शन प्राप्त करें। श्री शुक्ला जी ने विद्यार्थियों से कहा कि व्यक्तिव विकास के लिए जीवन में अनुशासन बहुत महत्वपूर्ण है। रामचरित्रमानस के प्रसंगों को रेखांकित करते हुए छात्रों के सर्वांगीण विकास के लिए प्रेरणा दिया। कार्यक्रम अध्यक्ष वंदना राजवाड़े ने कहा कि महाविद्यालयों में शिक्षा के माध्यम से विद्यार्थियों का व्यक्तित्व विकास होता है। उन्होनें छात्र/छात्राओं को मन लगाकर पढ़ाई करने एवं जीवन मे निरंतर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया साथ ही महाविद्यालय के विकास के लिए हर संभव सहयोग करने का भरोसा दिलाया। मुख्य अतिथि श्री भईयालाल राजवाड़े जी ने ने कहा कि ज्ञान को दूसरों तक पहॅूंचाना ही सबसे बड़ी पूजा है। जीवन में पढ़ाई के बाद जिस भी पद या स्थान में पहूॅचे वहां दूसरों की मदद करना कभी न भूलें। नवप्रवेशित विद्यार्थियों को बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए कहा कि छ.ग. शासन ने उच्च शिक्षा में राष्ट्रीय शिक्षा लागू कर गुणवत्तापूर्ण एवं रोजगार परक षिक्षा से आपको जोड़ा है। सपने देखिए और उसे पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत करिए। आप अपनी तकदीर खुद लिखते हैं खुब पढ़े आगे बढे़ं अपने मां बाप के साथ-साथ महाविद्यालय और कोरिया जिले का नाम रौशन करें। आभार प्रदर्शन डॉ. श्रीमती प्रीति गुप्ता ने किया। द्वितीय चरण में एनईपी के जिला मास्टर ट्रेनर एवं विभागाध्यक्ष राजनीति डॉ. गौरव कुमार मिश्र ने पुरानी शिक्षा नीति और नई शिक्षा नीति के अंतर को बतलाया। वर्तमान शिक्षा नीति मूल्यपरक, शोधपरक एवं रोजगारपरक नीति है जो विद्यार्थियों का सर्वागींण विकास करेगी। नोडल अधिकारी डॉ. आशुतोष देउस्कर ने विद्यार्थियों को बताया कि आपको मुख्य विषय के साथ अन्य संकाय के एक विषय को जनेरिक इलेक्टिव विषय के रूप में पढ़ना होगा। वैल्यू एडेड कोर्स पढ़ना होगा जिससे कौशल विकास होगा। उन्होने सेमेस्टर प्रणाली के 08 सेमेस्टर, क्रेडिट पाइंट व्यवस्था, परीक्षा पैटर्न पर विस्तार से प्रकाश डाला और छात्रों के शंकाआेंं का समाधान किया। इस अवसर पर सभी विभागाध्यक्ष डॉ. प्रीति गुप्ता, डॉ.बी.के.पाण्डेय, श्रीमती जयश्री प्रजापति, भूपेन्द्र सिंह, प्रो. अनुरंजन कुजूर, डॉ. सुनीता सिंह, डॉ. अर्चना पाण्डेय, अर्चना द्विवेदी, डॉ. संदीप सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित किया। रासेयो कार्यक्रम अधिकारी श्रीमती जयश्री प्रजापति एवं प्रो. अनुरंजन कुजूर ने राष्ट्रीय सेवा योजना से जुड़कर व्यक्तित्व विकास करने के लिए अभिप्रेरित किया। क्रीडा़ प्रभारी श्री इम्तियाज अली ने महाविद्यालय में उपलब्ध खेल सुविधाओं से अवगत कराया। श्री पुष्पराज सिंह ने ग्रंथालय में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी दी। रासेयो स्वयंसेवक तनिषा देवांगन ,सुशील यादव तथा ललिता सिंह एवं नीलम चौधरी ने युगल नृत्य, संजना, निशा, दिव्या, डोलिमा, लवकुश, श्रेयश, राजवंती, अंकित, अनुज ने समूह नृत्य की शानदार प्रस्तुति दिया। कार्यक्रम को सफल बनाने में डॉ. रामयश पाल, डॉ. प्रदीप द्विवेदी, कंचन जायसवाल, डॉ. संध्या, डॉ. सुनीता सिंह, डॉ. अर्चना द्विवेदी, श्रीमती नीलम गोयल, डॉ. प्रवीण पाल, डॉ. कुलदीप ओझा, श्री योगेश्वर साय, कु. आंशी पाटले, श्रीमती सपना जायसवाल, मो. आरीफ ढेबर, राजकुमार, श्री उत्तमदास महंत, श्री मनमोहन, शिवकुमार, संजय यादव, श्री चंद्रिका, पवन कुमार, अयुब, रामप्रसाद सहित रासेयो के वरिष्ठ स्वयं कृष्णा राजवाड़े, तनुप्रिया, शशिकुमार, अर्पणा सिंह, तौफिक खान, साक्षी, धनेश्वर, नीरज, निखिल साहू का सराहनीय योगदान रहा। इस अवसर पर बी.ए., बी.एससी., बी.काम. प्रथम सेमेस्टर के नवप्रवेशी विद्यार्थी अधिकाधिक संख्या में उपस्थित रहे।



